
करियर का टर्निंग पॉइंट, 2026 में किस इंजीनियरिंग ब्रांच का होगा दबदबा

Best BTech Branch CS vs electrical engineering : 12वीं के बाद इंजीनियरिंग की तैयारी के रहे स्टूडेंट्स के मन में सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि बीटेक सीएस लें या इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (CS vs electrical engineering). बदलती टेक्नोलॉजी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, ऑटोमेशन और डिजिटल इंडिया जैसे मिशन ने इंजीनियरिंग के ट्रेंड को तेजी से बदला है. 2026 आते-आते जहां एक तरफ कंप्यूटर साइंस सॉफ्टवेयर, AI, डेटा साइंस और साइबर सिक्योरिटी के कारण सबसे ज्यादा चर्चा में है. वहीं दूसरी ओर इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग आज भी पावर, इलेक्ट्रॉनिक्स और रिन्यूएबल एनर्जी जैसे सेक्टर में अपनी मजबूत पकड़ बनाए हुए है.
ऐसे में स्टूडेंट्स के लिए यह जानना बहुत जरूरी हो जाता है कि 2026 में किस ब्रांच का सिलेक्शन करने से फ्यूचर ग्रोथ होगा. आइए जानते हैं कि बीटेक सीएस और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (CS vs electrical engineering) ब्रांच में अंतर क्या है और करियर ऑप्शन क्या है.
BTech CS ब्रांच क्या है ?
आज के समय की सबसे ज्यादा डिमांड वाली इंजीनियरिंग ब्रांच मानी जाती है. यह कोर्स मुख्य रूप से कंप्यूटर, सॉफ्टवेयर, प्रोग्रामिंग और नई डिजिटल टेक्नोलॉजी पर बेस्ड होता है. 2026 में IT और टेक्नोलॉजी सेक्टर के तेजी से बढ़ने के कारण BTEch CS का क्रेज और भी बढ़ रहा है. इस ब्रांच में प्रोग्रामिंग लैंग्वेज (C, C++,Java, Python), डेटा स्ट्रक्चर, ऑपरेटिंग सिस्टम, कंप्यूटर नेटवर्क, मशीन लर्निंग, साइबर सिक्योरिटी और AI जैसे सब्जेक्ट पढ़ाए जाते हैं.
बीटेक सीएस करने के बाद स्टूडेंट्स के लिए सॉफ्टवेयर डेवलपर, डेटा साइंटिस्ट, AI इंजीनियर, क्लाउड इंजीनियर, वेब डेवलपर और सिस्टम एनालिस्ट जैसे कई बेहतरीन करियर ऑप्शन खुलते हैं. BTech CS कॉर्स करने के बाद फ्रेशर की एवरेज सैलरी लगभग 5-8 लाख प्रतिवर्ष होती है. अगर प्लेसमेंट की बात करें तो, MNIT जयपुर में कंप्यूटर साइंस ब्रांच के स्टूडेंट्स को 2024 में हाईएस्ट पैकेज 64 लाख का मिला है.
Electrical engineering ब्रांच क्या है?
इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग सबसे पुरानी और मजबूत इंजीनियरिंग ब्रांचों में से एक है. यह कोर्स मुख्य रूप से पावर सिस्टम, इलेक्ट्रिकल मशीन और इलेक्ट्रॉनिक्स पर बेस्ड है. 2026 में EV, रिन्यूएबल एनर्जी, पावर सेक्टर और ऑटोमेशन के बढ़ते ट्रेंड के कारण इस ब्रांच की वैल्यू और भी तेजी से बढ़ रही है. इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग ब्रांच में इलेक्ट्रिकल सर्किट, कंट्रोल सिस्टम, सिग्नल एंड सिस्टम, हाई वॉल्टेज इंजीनियरिंग और पावर इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे सब्जेक्ट पढ़ाए जाते हैं.
इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग करने के बाद स्टूडेंट्स की एवरेज सैलरी लगभग 4-6 लाख रूपये होते हैं. PSU और विदेशों में इलेक्ट्रिकल इंजीनियर्स की अच्छी डिमांड होती है. इस कोर्स के करने के बाद स्टूडेंट्स इलेक्ट्रिकल डिजाइन इंजीनियर, इलेक्ट्रिक व्हीकल इंडस्ट्री, पावर जेनरेशन और ट्रांसमिशन कंपनीज में करियर बनाने का मौका मिलता है. MNIT इलाहाबाद में 2025 में इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग ब्रांच के स्टूडेंट्स का हाईएस्ट प्लेसमेंट पैकेज लगभग 63.78 लाख देखा गया है.
CS vs electrical engineering : 2026 में किसका होगा राज?
अगर आपकी रुचि कोडिंग, टेक्नोलॉजी, कंप्यूटर और इनोवेशन में है और आप हाई-ग्रोथ करियर चाहते हैं, तो BTech CS ब्रांच आपके लिए एक अच्छा ऑप्शन होगा. वहीं अगर आपका इंटरेस्ट मशीन, इलेक्ट्रिसिटी, पावर सिस्टम और कोर इंजीनियरिंग में है और आप लॉन्ग टर्म स्टेबल करियर चाहते हैं, तो इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग एक मजबूत और भरोसेमंद विकल्प हो सकता है. सही ब्रांच का सिलेक्शन (CS vs electrical engineering) स्टूडेंट्स की रुचि, क्षमता और करियर गोल पर डिपेंड करता है.
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